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समाचार :-मीरा चैनल से प्रसारण क्षमता और बढ़ जाएगी

चित्तौडग़ढ़ 
आकाशवाणी के मीरा चैनल से प्रसारण क्षमता और बढ़ जाएगी। इसके लिए दुर्ग पर स्थित रिले केन्द्र पर ट्रांसमीटर को अपग्रेड किया जाएगा। इससे मीरा चैनल से प्रसारित होने वाले कार्यक्रम को 50 से 60 किलोमीटर दूर रहने वाले लोग भी सुन सकेंगे।



शहर के गांधीनगर क्षेत्र में 21 दिसंबर 1991 में तत्कालीन सूचना एवं प्रसारण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) व मौजूदा सांसद डा. गिरिजा व्यास ने आकाशवाणी केन्द्र (प्रसार भारती) का उद्घाटन किया था। पहले इस लोकल रेडियो स्टेशन से सीमित कार्यक्रम ही प्रसारित होते थे, लेकिन 10 साल पहले इस आकाशवाणी केन्द्र का नाम भक्तिमती मीराबाई के नाम पर मीरा चैनल रख लिया गया। स्थापना के साथ ही इस केन्द्र से प्रसारित होने वाले कार्यक्रमों के प्रसारण के लिए दुर्ग पर रिले केन्द्र स्थापित कर छह किलोवाट का ट्रांसमीटर स्थापित किया था। इस ट्रांसमीटर से अभी तक आकाशवाणी केन्द्र से प्रसारित होने वाले विभिन्न कार्यक्रमों को 30 से 40 किलोमीटर क्षेत्र में सुना जा सकता है। अब सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने इस केन्द्र पर लगे ट्रांसमीटर को अपग्रेड करने का निर्णय ले लिया है। इसके तहत अब इस रिले केन्द्र के ट्रांसमीटर की क्षमता छह किलोवाट से बढ़ाकर 10 किलोवाट की जाएगी। क्षमता बढऩे से इस केन्द्र से प्रसारित होने वाले कार्यक्रम को अब 50 से 60 किलोमीटर दूर तक गांव में भी लोग एफएम को अपने रेडियो पर सुन सकेंगे। वहीं प्रसारण की क्वालिटी में सुधार आने के साथ ही रेंज भी बढऩे से लोगों को मनोरंजन की सुविधा भी उपलब्ध होगी। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने इस संबंध में अपग्रेड हुए ट्रांसमीटर में लगने वाले लाखों रुपए के उपकरण को पहुंचाने के आदेश भी जारी कर दिए हैं


डिजीटल लाइब्रेरी:-
प्रसार भारती के आकाशवाणी केन्द्र में अब भविष्य में डिजीटल लाइब्रेरी बनाने की योजना भी तैयार की गई है। इसमें मुख्य तौर पर आसपास के पांच आकाशवाणी केन्द्रों पर मौजूदा व पुराने डाटा की डिजीटल रिकार्डिंग कर दी जाएगी। मीरा चैनल्स से वर्तमान में किसान वाणी, महिला जगत, युव वाणी के अलावा प्रतिदिन समाचारों का प्रसारण होता है। इन दिनों हैलो फोनिंग कार्यक्रम तो नहीं हो पा रहा है। आकाशवाणी ने इसकी जगह एसएमएस के माध्यम से यह कार्यक्रम चलाने की रूपरेखा बनाई थी, लेकिन यह कार्यक्रम सफल नहीं हो पाया। अब नया कार्यक्रम शुरू करने पर विचार चल रहा है।



साभार:-भास्कर न्यूज चित्तौडग़ढ़ 

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