रपट:-जोधपुर में केन्द्रीय साहित्य अकादेमी का साहित्‍य सम्मिलन - अपनी माटी Apni Maati

India's Leading Hindi E-Magazine भारत की प्रसिद्द साहित्यिक ई-पत्रिका ('ISSN 2322-0724 Apni Maati')

नवीनतम रचना

रपट:-जोधपुर में केन्द्रीय साहित्य अकादेमी का साहित्‍य सम्मिलन

साहित्‍य अकादमी, नई दिल्‍ली के साहित्यिक आयोजनों की श्रृंखला में विगत 16–17 मार्च, 2011 को राजस्‍थान के ऐतिहासिक नगर जोधपुर के सूचना केन्‍द्र सभागार में दो दिवसीय लेखक सम्मिलन आयोजित किया गया, जिसमें पूर्वोत्‍तर और उत्‍तर क्षेत्र की 12 भारतीय भाषाओं (विशेषत: हिन्‍दी, उर्दू, राजस्‍थानी, पंजाबी, डोगरी, गढ़वाली, नेपाली, बोड़ो, असमिया, मणिपुरी आदि) के प्रमुख रचनाकारों ने भाग लिया। इस अवसर पर आए वरिष्‍ठ रचनाकारों में नंद चतुर्वेदी, डॉ विश्‍वनाथप्रसाद तिवारी, नंदकिशोर आचार्य, शीन काफ निजाम, चन्‍द्रप्रकाश देवल, नंद भारद्वाज, हेमंत शेष, बलराम, अर्जुनदेव चारण, आईदानसिंह भाटी, मालचंद तिवाड़ी, मीठेश निर्मोही, वनिता, ध्रुवज्‍योति बोरा, अरंबम मेमचोबी, गुरविंदरसिंह आजिम, केशवसिंह राजेन्‍द्र भंडारी, मणिकुंतला भट्टाचार्य, ज्‍योतिरेखा हजारिका, अंजु ढड्ढा, सुमन बिस्‍सा, ललित केशवन आदि की प्रतिभागिता महत्‍वपूर्ण रही।
     
 इस दो दिवसीय साहित्यिक समागम में इन भाषाओं के रचनाकारों ने जहां काव्‍य-पाठ और कथा-वाचन के जरिये से अपनी रचनाशीलता का परिचय दिया वहीं विचार-विमर्श के सत्रों में अपनी रचना-प्रक्रिया और भाषाई साहित्यिक प्रवृत्तियों पर संजीदा विवेचन भी प्रस्‍तुत किये।
    
 इस अवसर पर सूचना केन्‍द्र प्रांगण में साहित्‍य अकादमी के नये प्रकाशनों की प्रदर्शिनी और स्‍थानीय जयनारायण व्‍यास सभागार में असमिया, मणिपुरी और राजथानी लोक कलाकारों की अनूठी सांस्‍कृतिक प्रस्‍तुतियां इस आयोजन के प्रमुख आकर्षण रहे।  इस दो दिवसीय आयोजन में इन भारतीय भाषाओं के प्रमुख रचनाकारों को सुनने के लिए नगर के साहित्‍यकार, पत्रकार, बुद्धिजीवी, संस्‍कृतिकर्मी, गणमान्‍य नागरिक और बड़ी संख्‍या में साहित्‍यप्रेमी श्रोता उपस्थित रहे। 
नन्द भारद्वाज
कवि और
राजस्थानी साहित्यकार 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

ज्यादा जानकारी के लिए यहाँ क्लिक करें

Responsive Ads Here