आलेख:ग्रामीण यथार्थ और मार्कंडेय की कहानियाँ /डॉ राजेन्द्र कुमार साव - अपनी माटी

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शुक्रवार, नवंबर 15, 2013

आलेख:ग्रामीण यथार्थ और मार्कंडेय की कहानियाँ /डॉ राजेन्द्र कुमार साव


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डॉ राजेन्द्र कुमार साव

निराला-काव्य में मानवीय प्रतिबद्धता पर 
कलकत्ता विश्वविद्यालय से एम् फिल
हिन्दी की जनवादी कहानी पर शोध
संबोधन,परिंदे, कथाक्रम,
वर्तमान साहित्य,जनपथ सहित 
कई पत्रिकाओं में प्रकाशन,,
आलोचना की एक पुस्तक 
कथाकार संजीव' शीघ्र प्रकाश्य।

तीन पुस्तकें प्रकाशित है :
जनवादी कहानी:अवधारणा और विकास
आधुनिक हिन्दी साहित्य के शताब्दी पुरुष
निराला:व्यक्ति और काव्य-मानवीय संवेदना
    39 ,बड़ा आएमा,खड़गपुर,
    पश्चिमी मेदिनीपुर-721304 
    पश्चिमी बंगाल,
    मो-8609530456.  

    शीघ्र प्रकाश्य मीडिया विशेषांक

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