अपनी माटी मार्गदर्शक डॉ. विन्ध्याचल यादव / Apni Maati Advisor Dr. Vindhyachal Yadav
जन्म : 25 मई 1984, आजमगढ़(उ.प्र.)जिले के राजापट्टी गॉंव में।
शिक्षा :
एम.ए.(हिन्दी),पी-एच.डी.।
शोध :
हिन्दी
विभाग,बीएचयू
से
सन्
2017 ई. में
- ‘हिन्दी साहित्येतिहास लेखन में इतिहास-दृष्टियों की भूमिका’विषय पर शोध।
अध्यापन
अनुभव :
कुल
12
वर्ष
दिनांक
03/11/2014
से
दिनांक
17/08/2020
तक
राजकीय
स्नातकोत्तर
महाविद्यालय,लालगंज,मिर्जापुर
में
(उच्च
शिक्षा
निदेशालय, प्रयागराज, उत्तर
प्रदेश
सरकार
के
अधीन)असिस्टेंट प्रोफेसर
पद
पर
कार्य
किया।
संप्रति :-
हिंदी विभाग, बीएचयू,वाराणसी में दिनांक 18/08/2020 से अद्यतन असिस्टेंट प्रोफेसर पद पर कार्यरत।
लेखन : -
- तद्भव,पक्षधर,अपनी माटी,सृजन सरोकार, प्रयागपथ, दैनिक जागरण, जनसंदेश टाइम्स,पहली बार(ब्लॉग)आदि प्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं व वेबपोर्टल में 50 से अधिक लेख, पुस्तक-समीक्षाएं, विचार, कविताएं एवं शोध-आलेख प्रकाशित।
- वाणी प्रकाशन,नयी दिल्ली से 2024ई. में श्रीप्रकाश शुक्ल के पुनर्प्रकाशित कविता संग्रह ‘रेत में आकृतियां’ की बहुचर्चित लंबी भूमिका का लेखन। जो प्रयागराज के सुप्रसिद्ध कवि संतोष चतुर्वेदी के चर्चित ब्लॉग ‘पहली बार’ पर भी प्रकाशित हुआ।
- मई 2025 में राजकमल प्रकाशन समूह दिल्ली से ‘झुकना किसी को रोपना है'(श्रीप्रकाश शुक्ल की कविताओं का चयन,संपादन व भूमिका)शीर्षक से पहली पुस्तक प्रकाशित।
विशेषज्ञता/रुचि-क्षेत्र:
1)हिंदी
साहित्य
के
इतिहास
की
समस्याएं
2) हिंदी
आलोचना
3) आधुनिक हिंदी कविता
सम्पर्क:
F-19, हिमगिरी अपार्टमेंट,जोधपुर कॉलोनी, बीएचयू,वाराणसी-221005
ई-मेल: vindhyachal@bhu.ac.in, मोबाइल:8004130639


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